सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय तथा सैमसंग इंडिया ने कौशल विकास एवं युवाओं की रोजगार क्षमता सुदृढ़ करने के लिए साझेदारी की
Naitik Chakravarti Times
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भारत के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) ने सैमसंग इंडिया के साथ मिलकर एक नई पहल शुरू की है, जिसका उद्देश्य युवाओं के कौशल को बढ़ावा देकर उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय ने सैमसंग इंडिया के साथ एक रणनीतिक साझेदारी की घोषणा की है, जिससे देश के युवाओं के कौशल विकास और रोजगार क्षमता को सुदृढ़ करने का लक्ष्य रखा गया है। यह सहयोग डिजिटल कौशल, उत्पादन प्रबंधन, और उद्यमशीलता पर केंद्रित है, और इसका मूल उद्देश्य एमएसएमई क्षेत्र में नवीनतम तकनीकों का समावेश करके रोजगार के अवसरों का विस्तार करना है। साझेदारी के तहत, दोनों पक्ष मिलकर प्रशिक्षण पाठ्यक्रम, वर्कशॉप और प्रमाणन कार्यक्रम तैयार करेंगे, जो उद्योग की मांग के अनुरूप होंगे।
सैमसंग इंडिया की वैश्विक तकनीकी विशेषज्ञता और एमएसएमई मंत्रालय की नीतिगत दिशा-निर्देशों के संयोजन से, यह पहल 10,000 से अधिक युवाओं को लक्षित करेगी। कार्यक्रम में प्रोग्रामिंग, डेटा एनालिटिक्स, स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग, और डिजिटल मार्केटिंग जैसे विषय शामिल होंगे, जिन्हें उद्योग के मानकों के अनुसार डिज़ाइन किया गया है। इसके अलावा, प्रशिक्षण के बाद के चरण में, सैमसंग इंडिया स्टार्टअप्स को मार्गदर्शन और फंडिंग के अवसर भी प्रदान करेगा, जिससे युवा उद्यमी अपने स्वयं के MSME स्थापित कर सकें।
मंत्रालय के कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री ने कहा, “यह साझेदारी हमें ‘स्किल इंडिया’ और ‘डिजिटल इंडिया’ के लक्ष्यों को प्राप्त करने में महत्वपूर्ण कदम उठाने में मदद करेगी।” सैमसंग इंडिया के वरिष्ठ प्रबंधक ने जोड़ा, “हमारा उद्देश्य है कि युवा भारत में प्रौद्योगिकी के माध्यम से रोजगार के नए आयाम खोलें और MSME क्षेत्र को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करें।” यह सहयोग भारत के रोजगार परिदृश्य में एक नया अध्याय लिखेगा, जो युवा प्रतिभा को सशक्त बनाते हुए आर्थिक विकास को तेज करेगा।