गुरुवार, 5 नवंबर 2026
Englishहिन्दीਪੰਜਾਬੀ
नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स
नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स
होमई-पेपरवीडियोराष्ट्रीयराजनीतिव्यवसायप्रौद्योगिकीखेलस्वास्थ्यशिक्षा
टॉपराष्ट्रीयराजनीतिव्यवसायप्रौद्योगिकीखेलस्वास्थ्यशिक्षा

नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स

Your News, Your Language

श्रेणियाँ

  • स्थानीय
  • राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • व्यापार
  • प्रौद्योगिकी
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा

त्वरित लिंक

  • होम
  • ई-पेपर
  • वीडियो
  • आज की तस्वीर
  • हमारे बारे में
  • संपर्क करें
  • गोपनीयता नीति
  • नियम और शर्तें

न्यूजरूम

  • संपादकीय नीति
  • सुधार और शिकायतें
  • विज्ञापन
  • न्यूजरूम संपर्क
  • पत्रकार के रूप में जुड़ें

भाषाएँ

  • English
  • हिन्दी (Hindi)
  • ਪੰਜਾਬੀ (Punjabi)

हमें फॉलो करें

Email: naitikchakravartitimes@gmail.com

Phone: +91-9453515239

© 2026 Naitik Chakravarti Times Publications. सर्वाधिकार सुरक्षित

Designed and Developed byZeloiteZeloite
** श्री दिनेश वी. गणवीर ने भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के 55वें महानिदेशक के रूप में पदभार संभाला; खनिज सुरक्षा, वैज्ञानिक उत्कृष्टता और तकनीकी उन्नति पर ध्यान केंद्रित करने की प्रतिबद्धता दोहराई
  1. होम
  2. शिक्षा
शिक्षा

** श्री दिनेश वी. गणवीर ने भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के 55वें महानिदेशक के रूप में पदभार संभाला; खनिज सुरक्षा, वैज्ञानिक उत्कृष्टता और तकनीकी उन्नति पर ध्यान केंद्रित करने की प्रतिबद्धता दोहराई

Naitik Chakravarti TimesNaitik Chakravarti Times
•2 नवंबर 2026 को 03:30 am बजे•0 व्यूज़•2 मिनट पढ़ें

** भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (IGS) के 55वें महानिदेशक के रूप में नियुक्त दिनेश वी. गणवीर ने खनिज सुरक्षा, अनुसंधान की गुणवत्ता और डिजिटल तकनीकों के उपयोग को प्रमुखता देने का संकल्प व्यक्त किया।

**
भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (IGS) ने आज अपने 55वें महानिदेशक के रूप में डॉ. दिनेश वी. गणवीर को नियुक्त किया, जो पहले राष्ट्रीय जलविज्ञान संस्थान और विभिन्न अंतर्राष्ट्रीय भूवैज्ञानिक परियोजनाओं में प्रमुख वैज्ञानिक एवं प्रशासनिक भूमिकाएँ निभा चुके हैं। उनका कार्यकाल भारत की बढ़ती खनिज आवश्यकता, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और सतत विकास के लक्ष्यों के बीच संतुलन स्थापित करने के उद्देश्य से शुरू होगा। गणवीर ने शपथ लेते ही कहा कि वे IGS को “खनिज सुरक्षा” के क्षेत्र में अग्रणी बनाते हुए, राष्ट्रीय रणनीतिक खनिज भंडार की सटीक मानचित्रण और संरक्षण पर विशेष ध्यान देंगे। यह पहल देश की ऊर्जा सुरक्षा और औद्योगिक प्रतिस्पर्धा को मजबूत करने के साथ-साथ विदेशी आयात पर निर्भरता कम करने में सहायक होगी।

साथ ही, गणवीर ने वैज्ञानिक उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए नई शोध पहल और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग को तेज करने का इरादा जताया। उन्होंने IGS के मौजूदा शोध नेटवर्क को विस्तारित करने, युवा वैज्ञानिकों को प्रायोगिक अवसर प्रदान करने और उच्च-प्रभावी प्रकाशनों को प्रोत्साहित करने के लिए एक विस्तृत योजना प्रस्तुत की। तकनीकी उन्नति के संदर्भ में, उन्होंने डिजिटल मैपिंग, कृत्रिम बुद्धिमत्ता‑आधारित डेटा विश्लेषण और रिमोट सेंसिंग तकनीकों को सर्वेक्षण कार्य में एकीकृत करने की प्रतिबद्धता दोहराई। इन उपायों से न केवल डेटा की सटीकता में सुधार होगा, बल्कि कार्यकुशलता और लागत में भी कमी आएगी।

अंत में, गणवीर ने IGS के कर्मचारियों को “परिवर्तन के इस चरण में सहयोगी और नवाचार‑उन्मुख” बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण के मिशन को सफल बनाने के लिए सरकारी निकायों, उद्योग, शैक्षणिक संस्थानों और स्थानीय समुदायों के बीच समन्वित प्रयास आवश्यक है। उनका दृष्टिकोण राष्ट्रीय भूवैज्ञानिक नीतियों को भविष्य‑सुरक्षित बनाते हुए, भारत को विश्व स्तर पर भूवैज्ञानिक अनुसंधान और खनिज प्रबंधन में अग्रणी बनाना है।
साझा करें:
Naitik Chakravarti Times

Naitik Chakravarti Times

अनुभवी पत्रकार और लेखक

More from शिक्षा

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता प्रदान करने के लिए एसआरआई फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की
शिक्षा

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता प्रदान करने के लिए एसआरआई फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की

5 नव॰ 2026
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता प्रदान करने के लिए एसआरआई फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की
शिक्षा

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता प्रदान करने के लिए एसआरआई फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की

5 नव॰ 2026
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी में उच्च स्तरीय बैठक में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा
शिक्षा

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी में उच्च स्तरीय बैठक में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा

5 नव॰ 2026
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी में उच्च स्तरीय बैठक में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा
शिक्षा

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी में उच्च स्तरीय बैठक में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा

5 नव॰ 2026
प्रधानमंत्री ने सत्य, ज्ञान और सदाचार के महत्व पर जोर देते हुए संस्कृत सुभाषितम् साझा किया
शिक्षा

प्रधानमंत्री ने सत्य, ज्ञान और सदाचार के महत्व पर जोर देते हुए संस्कृत सुभाषितम् साझा किया

5 नव॰ 2026
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा
शिक्षा

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में काशी तमिल संगमम 5.0 की तैयारियों की समीक्षा

5 नव॰ 2026