** केंद्रीय मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने आज राष्ट्रीय स्तर पर ‘वायो सम्मान राष्ट्रीय अभियान’ (VAYO Samman National Campaign) की शुरुआत की, जिसका मुख्य लक्ष्य भारत में पीढ़ी‑अंतर संबंधों को सुदृढ़ करना है। इस अभियान का उद्देश्य बुज़ुर्गों के प्रति सम्मान और युवा वर्ग की सक्रिय भागीदारी के माध्यम से सामाजिक समरसता को बढ़ाना है। कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने कहा, “समाज की प्रगति के लिए यह अनिवार्य है कि हम अपने बुज़ुर्गों के अनुभवों को महत्व दें और उन्हें युवा पीढ़ी के साथ साझा करें।”
अभियान के तहत सरकार ने कई पहलें प्रस्तावित की हैं। सबसे पहले, ‘बुज़ुर्ग‑युवा संवाद मंच’ की स्थापना की जाएगी, जो राज्य‑स्तर पर हर महीने एक बार आयोजित किया जाएगा। इसके अलावा, डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म पर ‘वायो सम्मान’ हैशटैग के तहत वीडियो‑साक्षात्कार, कहानियाँ और अनुभव साझा करने के लिए एक ऑनलाइन पोर्टल खोला जाएगा। यह पोर्टल युवाओं को अपने बुज़ुर्गों के साथ समय बिताने, उनकी यादों को दस्तावेज़ करने और पारिवारिक परंपराओं को पुनर्जीवित करने के अवसर देगा।
साथ ही, सरकार ने सामाजिक कार्यकर्ताओं, स्कूलों और कॉलेजों के साथ मिलकर ‘स्मृति‑साक्षरता कार्यशालाएँ’ शुरू करने का वचन दिया है। इन कार्यशालाओं में बुज़ुर्गों की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक ज्ञान को युवाओं तक पहुँचाने के लिए इंटरैक्टिव सत्र शामिल होंगे। 2026 में जारी “सामाजिक समरसता और समावेशी विकास” नीति के तहत, यह अभियान 1000 से अधिक गाँव और शहरी क्षेत्रों में लागू किया जाएगा, जहाँ पर बुज़ुर्गों के लिए विशेष ‘सम्मान केंद्र’ खोले जाएंगे।
डॉ. वीरेंद्र कुमार ने यह भी जोड़ा कि इस अभियान से न केवल पारिवारिक बंधन मजबूत होंगे, बल्कि समाज में बुज़ुर्गों की भूमिका को पुनः मान्यता मिलेगी और युवा पीढ़ी में सहानुभूति तथा सामाजिक जिम्मेदारी का विकास होगा। इस प्रकार, ‘वायो सम्मान राष्ट्रीय अभियान’ भारतीय समाज के लिए एक नई सामाजिक पहल के रूप में स्थापित हुआ है।