गुरुवार, 5 नवंबर 2026
Englishहिन्दीਪੰਜਾਬੀ
नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स
नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स
होमई-पेपरवीडियोराष्ट्रीयराजनीतिव्यवसायप्रौद्योगिकीखेलस्वास्थ्यशिक्षा
टॉपराष्ट्रीयराजनीतिव्यवसायप्रौद्योगिकीखेलस्वास्थ्यशिक्षा

नैतिक चक्रवर्ती टाइम्स

Your News, Your Language

श्रेणियाँ

  • स्थानीय
  • राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • व्यापार
  • प्रौद्योगिकी
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा

त्वरित लिंक

  • होम
  • ई-पेपर
  • वीडियो
  • आज की तस्वीर
  • हमारे बारे में
  • संपर्क करें
  • गोपनीयता नीति
  • नियम और शर्तें

न्यूजरूम

  • संपादकीय नीति
  • सुधार और शिकायतें
  • विज्ञापन
  • न्यूजरूम संपर्क
  • पत्रकार के रूप में जुड़ें

भाषाएँ

  • English
  • हिन्दी (Hindi)
  • ਪੰਜਾਬੀ (Punjabi)

हमें फॉलो करें

Email: naitikchakravartitimes@gmail.com

Phone: +91-9453515239

© 2026 Naitik Chakravarti Times Publications. सर्वाधिकार सुरक्षित

Designed and Developed byZeloiteZeloite
खाद्य महंगाई के बीच सरकार की इथेनॉल रणनीति में बदलाव, पेट्रोल में मिश्रण का लक्ष्य 20 प्रतिशत से घटकर 15–17 प्रतिशत तक आ सकता है
  1. होम
  2. व्यवसाय
व्यवसाय

खाद्य महंगाई के बीच सरकार की इथेनॉल रणनीति में बदलाव, पेट्रोल में मिश्रण का लक्ष्य 20 प्रतिशत से घटकर 15–17 प्रतिशत तक आ सकता है

Naitik Chakravarti TimesNaitik Chakravarti Times
•4 नवंबर 2026 को 04:04 am बजे•0 व्यूज़•2 मिनट पढ़ें

भारत में अल नीनो के प्रभाव और कमजोर मानसून के कारण मक्का तथा गन्ने की फसल प्रभावित हुई है। खाद्य पदार्थों की कीमतों पर दबाव बढ़ने के बीच पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण की दर 20 प्रतिशत के लक्ष्य से घटकर लगभग 15 से 17 प्रतिशत तक रह सकती है। सरकार खाद्य सुरक्षा और ईंधन जरूरतों के बीच संतुलन बनाने पर विचार कर रही है।

नई दिल्ली: भारत की ऊर्जा और कृषि नीति के बीच संतुलन बनाने को लेकर एक महत्वपूर्ण आर्थिक घटनाक्रम सामने आया है। कमजोर मानसून और अल नीनो के प्रभाव से कृषि उत्पादन प्रभावित होने के कारण सरकार की इथेनॉल मिश्रण रणनीति में बदलाव की संभावना जताई जा रही है।

भारत ने पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रण का लक्ष्य निर्धारित किया था। इस कार्यक्रम का उद्देश्य पेट्रोलियम उत्पादों के आयात पर निर्भरता कम करना, किसानों की आय बढ़ाना और प्रदूषण को नियंत्रित करने में मदद करना है।

हालांकि, इस वर्ष कमजोर मानसून के कारण मक्का और गन्ने की फसल पर दबाव बढ़ा है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, देश में मानसूनी बारिश सामान्य से लगभग 13 प्रतिशत कम रही। इसका असर कृषि उत्पादन और खाद्य पदार्थों की कीमतों पर पड़ा है।

ऐसी परिस्थितियों में खाद्य सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण का वास्तविक स्तर लगभग 15 से 17 प्रतिशत तक रहने की संभावना जताई जा रही है।

इथेनॉल मुख्य रूप से गन्ने और मक्का जैसे कृषि उत्पादों से तैयार किया जाता है। जब इन फसलों की उपलब्धता कम होती है तो खाद्य जरूरतों और ईंधन उत्पादन के बीच प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है।

इसी कारण चीनी आधारित इथेनॉल की सरकारी खरीद रोकने और मक्का आधारित इथेनॉल की खरीद कीमत में बदलाव जैसे कदम उठाए गए हैं।

भारत के लिए इथेनॉल कार्यक्रम आर्थिक रूप से भी महत्वपूर्ण है। वर्ष 2014 से अब तक इस कार्यक्रम के कारण लगभग दो लाख करोड़ रुपये के तेल आयात खर्च की बचत होने का अनुमान है।

लेकिन इथेनॉल उत्पादन में कमी आने पर पेट्रोलियम आयात की जरूरत फिर बढ़ सकती है। इससे विदेशी मुद्रा खर्च और ऊर्जा क्षेत्र की लागत प्रभावित होने की आशंका है।

सरकार के सामने चुनौती यह है कि किसानों की आय, खाद्य पदार्थों की उपलब्धता, पेट्रोल की जरूरत और ऊर्जा सुरक्षा के बीच संतुलन कैसे बनाया जाए।

आने वाले महीनों में फसलों के उत्पादन और इथेनॉल की उपलब्धता के आधार पर इस नीति की दिशा स्पष्ट हो सकती है।
साझा करें:
Naitik Chakravarti Times

Naitik Chakravarti Times

अनुभवी पत्रकार और लेखक

More from व्यवसाय

महिला‑नेतृत्व वाले MSME को सहायता हेतु SRIs फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित
व्यवसाय

महिला‑नेतृत्व वाले MSME को सहायता हेतु SRIs फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित

5 नव॰ 2026
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता हेतु SRFI फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की
व्यवसाय

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय ने महिला नेतृत्व वाले एमएसएमई को सहायता हेतु SRFI फंड पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की

5 नव॰ 2026
**
व्यवसाय

**

5 नव॰ 2026
** खनन मंत्रियों का चौथा सम्मेलन गोवा में आयोजित होगा
व्यवसाय

** खनन मंत्रियों का चौथा सम्मेलन गोवा में आयोजित होगा

5 नव॰ 2026
** जेलर 2 OTT: OTT पर कब आएगा जेलर 2?
व्यवसाय

** जेलर 2 OTT: OTT पर कब आएगा जेलर 2?

5 नव॰ 2026
भारत में वैकल्पिक विवाद समाधान प्रणाली को प्रोत्साहन देने और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के लिए आईआईसीए ने आईएएमसी के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए
व्यवसाय

भारत में वैकल्पिक विवाद समाधान प्रणाली को प्रोत्साहन देने और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के लिए आईआईसीए ने आईएएमसी के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए

5 नव॰ 2026